रविवार, अक्टूबर 25, 2026
  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video
liveskgnews
Advertisement
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
liveskgnews
25th अक्टूबर 2026
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

भगवान विष्णु का एक ऐसा मन्दिर जहाँ महिला एवं पुरुष पुजारी साथ मिलकर करते हैं नारायण की पूजा, श्रावण की संक्रांति पर खुले फ्यूंलानाराया के कपाट

शेयर करें !
posted on : जुलाई 16, 2022 11:58 अपराह्न

 

चमोली : समुंद्रतल से एक हजार फीट की उंचाई हिमालयी क्षेत्र में स्थित फ्यूंला नारायण के कपाट शनिवार को श्रावण संक्रांति पर विधि विधान के साथ खुल गये है। इस मंदिर की एक खास विशेषता यह भी है कि यहां पर पुरूष के साथ महिला भी पुजारी होती है। चमोली जिले के जोशीमठ विकास खंड के उर्गम घाटी के हिमालय का अद्भुत विष्णु का मंदिर जहां महिला एवं पुरुष पुजारी साथ मिलकर नारायण की पूजा करते हैं।पंचम केदार श्री कल्पेश्वर धाम के शीर्ष पर एक हजार फीट की ऊंचाई पर घने जंगल के बीच में स्थित है चतुर्भुज नारायण का मंदिर। जो हर वर्ष श्रावण संक्रांति के दिन विधि विधान के साथ मंदिर के कपाट खोले जाते है।

लोक मान्यताओं के अनुसार जब बद्री केदार की पूजा एक साथ होती थी और शंकु मार्ग से बद्री पूरी पहुंचते थे पहले पंचम बद्री ध्यान बद्री के दर्शन तीर्थयात्री करते थे और बदरीनाथ धाम के रावल यहां पहुंच कर नारायण की पूजा करते थे, इसी स्थान से होकर नीलकंठ के रास्ते बद्री पुरी जाने की परंपरा रही है। जनश्रुति के अनुसार यह वही स्थान है जहां से भगवती दुर्गा ने तीन सिर वाले कश्यप नामक राक्षस के तीनों सिरों को काट कर अलग-अलग स्थानों पर रखा था जिसमें एक सर काट कर के जोशीमठ के दुर्गा मंदिर में, दूसरा सर को सिसवा ठेला नामक स्थान पर स्थापित किया तथा तीसरा सिर उर्गम घाटी के घंटाकरण के मंदिर में विराजमान किया था।  इसी रास्ते से पहले यात्रा संपन्न होती थी। धीरे-धीरे सभ्यता का विकास होता रहा और बदी पुरी के मार्ग भी बदलते गये।

यहां हर वर्ष श्रावण संक्रांति को ठाकुर परिवारों की ओर से विष्णु की पूजा की जाती रही है। शनिवार को  11.50  प्रातः कपाट खोल दिए गए हैं। वैदिक परंपरा के अनुसार पंडित प्रकाश चंद डिमरी ने वैदिक मंत्रों के साथ कपाट खुलने की परंपरा पूरी की गई।  नवनियुक्त पुजारी ने पूजा अर्चना की।  इस वर्ष भेंटा गांव के योगम्वर सिंह चैहान फ्यूला नारायण के पुजारी तथा महिला पुजारी पार्वती देवी फ्यूल्यांण के रूप में पुजारी है। श्रावण संक्रांति से लेकर नंदा अष्टमी के नवमी तिथि तक कपाट खुले रहेंगे। नवमी तिथि को वैदिक मंत्रों के साथ हवन के बाद कपाट बंद कर दिए जाएंगे। यहां नारायण की पूजा के अलावा क्षेत्रपाल घंटाकरण, भूमियाल जाख देवता, नंदा सुनंदा, वनदेवी की पूजा संपन्न की जाएगी। फ्यूंला नारायण में विशेष तौर से सत्तू और दूध का भोग लगाया जाता है। कपाट खुलने के बाद भगवान का नित्य स्नान के साथ बाल भोग राजभोग लगाया जाता है। रात्रि के समय संध्या काल में भगवान नारायण को दूध का भोग लगाया जाता है। मक्खन, घी की विशेष पूजा ही होती हैं। कपाट खुलने के अवसर काफी संख्या में यहां श्रद्धालु पहुंचे थे। नारायण फ्रेंड्स ग्रुप, मेला कमेटी भरकी, भेंटा, ग्वाणा, अरोसी, पिल्खी के ग्रामीणों की ओर से मंदिर को सजाया गया था।

भरकी के पंचनाम देवताओं के मंदिर से गाय, बचछियां नारायण का भोग सामग्री लेकर के नारायण मंदिर में पहुंचे थे। पंचनाम  देवता के मंदिर में पंचायत के लोगों ने नवनियुक्त महिला पुजारी को भगवान नारायण के फूल की टोकरी, मक्खन का विशेष पात्र दिया गया, वहीं पुरुष पुजारी को चिमटा तथा घंटी दी गई। कपाट खुलने पर प्रधान संघ के अध्यक्ष अनूप नेगी के नेतृत्व में श्रद्धालुओं के लिए विशेष भंडारा का आयोजन किया गया। इस मौके पर पंचनाम देवता के पुजारी अब्बल सिंह पंवार, मंगल सिंह चैहान, भरकी की प्रधान मंजू देवी, मेला कमेटी के अध्यक्ष हर्षवर्धन सिंह फरस्वाण, प्रधान संघ के अध्यक्ष अनूप सिंह नेगी, फ्रेंड्स ग्रुप के सदस्य युवराज सिंह, पान सिंह पंवार, मुकेश कंडवाल, चंद्र मोहन सिंह, बलवंत सिंह, प्रेम सिंह, जगत सिंह नेगी, विपिन चैहान, जितेंद्र सिंह, पूर्व प्रधान लक्ष्मण सिंह नेगी, आरती देवी, गोविंदी देवी, पार्वती देवी, प्रीति देवी, नारायणी देवी आदि मौजूद थे।

https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2026/10/SWAROJGAR-EVAM-UDYAMITA-YOJANA_compressed.mp4
https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2026/10/हर-दिशा-से-जुड़-रहा-_उत्तराखंड_-2.00-MIN_compressed.mp4

हाल के पोस्ट

  • उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी के निर्देश पर एमडीडीए का कड़ा एक्शन, अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर शिकंजा, 7 स्थानों पर कार्रवाई
  • एआई के दौर में पत्रकारिता की असली ताकत सत्य की परख, मशीन नहीं ले सकती सजग पत्रकार की जगह
  • कुंभ की तैयारियों पर डीएम मयूर दीक्षित का रात में एक्शन, दीपावली से पहले हरकी पैड़ी समेत घाटों का काम पूरा करने के निर्देश
  • देहरादून में अवैध गैस रिफिलिंग पर बड़ी कार्रवाई, 104 सिलेंडर जब्त; दो गिरफ्तार
  • आयुक्त विनय शंकर पांडेय के निर्देशों पर FDA की बड़ी कार्रवाई, कोर्ट कैंटीन से ढाबों तक छापेमारी, कई प्रतिष्ठानों को नोटिस
  • पहले दिन 102 बैलेट यूनिट, 161 कंट्रोल यूनिट और 115 वीवीपैट की एफएलसी संपन्न
  • शपथ के बाद पहली बार बदरी विशाल के दर पहुंचे राज्यपाल डॉ. ढाल सिंह बिसेन
  • समर वैली स्कूल में छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोप पर कांग्रेस का प्रदर्शन, गेट फांदकर परिसर में घुसे कार्यकर्ता
  • केंद्रीय औषधि भंडार में जांच, 06 दवाओं के लिए सैंपल
  • पौड़ी गढ़वाल : घर-घर पहुंच कर पेंशन से वंचित व्यक्तियों को किया जा रहा चिन्हित
liveskgnews

सेमन्या कण्वघाटी हिन्दी पाक्षिक समाचार पत्र – www.liveskgnews.com

Follow Us

  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video

© 2017 Maintained By liveskgnews.

No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

© 2017 Maintained By liveskgnews.