posted on : जुलाई 31, 2022 4:19 अपराह्न
कोटद्वार । हरियाली तीज का त्योहार हर्षोल्लास और परंपरागत ढंग से मनाया गया। महिलाओं व युवतियों ने हाथों पर आकर्षक मेंहदी रचाई और झूले का आनंद लिया। इस मौके पर पूजा अर्चना कर घरों में पकवान भी बनाए गए। महिलाओं के प्रिय त्यौहार हरियाली तीज को लेकर घरों में एक दिन पूर्व से ही तैयारियां शुरू कर दी गई थीं। शनिवार दोपहर से ही महिलाओं ने अपने हाथों पर मेंहदी रचाना शुरू कर दिया था। यह सिलसिला रविवार को सुबह भी जारी रहा। महिलाओं ने सज धज कर पूजा अर्चना की। इस मौके पर गीता भवन मंदिर, सांई मंदिर सहित शहर के तमाम मंदिरों में झूले भी डाले गए। जिसमें महिलाओं व युवतियों ने तीज और सावन गीत गाकर जमकर लुत्फ उठाया। विवाहित स्त्रियों के अलावा अविवाहित युवतियों ने भी यह व्रत रखा। विवाहित महिलाओं ने यह व्रत अपनी पति की लंबी आयु के लिए रखा।
वहीं अविवाहित युवतियों ने परिवार की सुख-शांति, समृद्धि अच्छे वर प्राप्ति के लिए व्रत रखा। भगवान शिव देवी पार्वती को प्रसन्न करने के लिए महिलाओं ने मंदिरों में पंचामृत से शिवलिंग को स्नान करवाया। महिलाओं का मानना है कि सबसे पहले देवी पार्वती ने इस व्रत को रखा था। इस दौरान ने महिलाओं ने मंदिरों में गौरी-शंकर का पूजन किया। प्रसाद का भोग लगाया और देवी पार्वती को सुहाग सामग्री भी समर्पित की।


