देहरादून : पुलिस महानिरीक्षक वी. मुरूगेशन की अध्यक्षता में विभिन्न ड्रग नियन्त्रण ऐजेन्सीज के साथ पुलिस मुख्यालय साभागार में एक समन्वय बैठक आयोजित की गई. इस बैठक में संगठित एवं गम्भीर प्रकृति के अपराध एवं अपराधियों जो नशे के कारोबार में लिप्त है उन पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु ग्रहनता से विचार-विमर्श एवं सुझाव का आदान- प्रदान किया गया. बैठक में एनसीबी के जोनल डाईरेक्टर द्वारा एक पीपीटी के माध्यम से अपने विभाग के कार्यों का एक संक्षिप्त विवरण प्रस्तुत किया. साथ में पुलिस विभाग तथा सशस्त्र सुरक्षा बल द्वारा अपने- अपने प्रमुख ऐजेण्डा बिन्दु प्रस्तुत किये, बैठक में मुख्य बिन्दु जिन पर वार्ता की गई जिसमें विभिन्न ऐजेन्सियों के आपसी समन्वय द्वारा सूचना का आदान-प्रदान किया जाए व साथ में मिलकर अभियुक्तों से पूछताछ एवं नशा कारोबारियों के विरूद्ध संयुक्त अभियान गिरफ्तारी हेतु चलाया जाए.

एनसीबी द्वारा राज्य पुलिस के विभिन्न जनपदों नियुक्त पुलिस कार्मिकों को एनडीपीएस के अपराधों में ओर अधिक दक्ष एवं कार्य कुशलता हेतु प्रशिक्षण प्रदान करने व आधुनिक उपकरण तथा संसाधन उपलब्ध कराये जाने की सहमति दी गई. पुलिस विभाग ने अपेक्षा की एनसीबी के माध्यम से अन्र्तराज्य स्तर पर बडी कार्रवाही हो सके. साथ में आम जनमानस में जागरूकता हेतु मिलकर विभिन्न प्रचार-प्रसार के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जाए साथ में भविष्य में इस प्रकार की समन्वय बैठक के आयोजन का प्रस्ताव प्रेषित किया गया, बैठक में विभिन्न ऐजेन्सियों द्वारा पुलिस की इस पहल की प्रशंसा की तथा सहयोग का आश्वासन दिया गया. बैठक में पुलिस उपमहानिरीक्षक STF उत्तराखण्ड, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ उत्तराखण्ड, अपर पुलिस अधीक्षक एसटीएफ उत्तराखण्ड, पुलिस उपाधीक्षक एसटीएफ, निरीक्षक ADTF के साथ जोनल डाईरेक्टर एनसीबी, द्वितीय कमाण्डेन्ट एसएसबी, सहायक निदेशक एनसीबी एवं देहरादून ड्रग निरीक्षक द्वारा भी प्रतिभाग किया गया।



