4 लुटेरे गिरफ्तार, जहानाबाद के ज्वेलर्स का बेटा निकला मास्टरमाइंड
बिहार ब्यूरो
पटना : पटना के बाकरगंज इलाके में हुयी स्वर्ण व्यवसायी की दुकान से सरेशाम हुई 14 करोड़ के सोना डकैती का 48 घंटे में ही पुलिस ने खुलासा कर दिया और 4 अपराधी को गिरफ्तार भी कर लिया । इस लुट कांड में जहानाबाद के एक ज्वेलर्स का बेटा ही लुट कांड का मास्टरमाइंड था जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है । इस्ससे पहले पुलिस ने अपराधियों पर दबाव बनाने के लिए लुटेरों से जुड़े व उनके परिवार के 13 लोगों को हिरासत में लिया था जिससे काण्ड का उद्भेदन किया जा सका । इस लुट की घटना के बाद पुरे दबाव में पुलिस चल रही थी और व्यवसायी उग्र रूप लिए हुए थे ।
पुलिस ने डकैती कांड में लूटे गए 35 किलो सोना में से 9 किलो सोने के जेवर तथा 14 लाख नकदी में 4 लाख 32 हजार 9 सौ रुपये बरामद कर लिया है और ज्वलेर्स से लूटे गए 4 मोबाइल भी बरामद कर लिया है। इसके साथ ही पुलिस ने लुटेरों के कब्जे से 2 देसी पिस्टल, एक देसी कट्टा, 2 मैगजीन, 13 कारतूस, घटना में प्रयुक्त दो बाइक एक अपाचे व एक पैशन प्रो, 3 अन्य मोटरसाइकिल जिसमें एक बुलेट, 2 पल्सर, दो चारपहिया वाहन जिसमें एक फार्च्युनर सफेद रंग व एक ईयोन कार व घटना के समय पहने गए कपड़े भी बरामद किए हैं। पुलिस का दावा है कि लुटेरे दो पिट्ठू बैग व एक झोले में जेवर व नगदी भरकर ले गए थे। भागते समय पकड़े गए लुटेरे साधु के पास से एक पिट्ठू बैग मिला था। एक पिट्ठू बैग लुटेरों के पकड़ने के बाद बरामद हुआ है।
राजधानी पटना के कदमकुआं के बाकरंगज में एसएस ज्वलेर्स में हुए 14 करोड़ के सोना डकैती कांड का पुलिस ने 48 घंटे के अंदर खुलासा कर दिया । इस मामले में पुलिस ने चार और लुटेरों को गिरफ्तार किया है जबकि घटना के बाद एक लुटेरा जहानाबाद का साधु उसी समय भीड़ द्वारा पकड़ लिया गया था। पुलिस इस आरोपित को जेल भेज चुकी है। गिरफ्तार लुटेरों में सिरपतपुर का आकाश ओझा उर्फ सन्नी कुमार, रामकृष्णानगर का सोनू कुमार, जहानाबाद का राजू केवट उर्फ राज उर्फ रवि तथा नया टोला जहानाबाद का नितेश कुमार शामिल है। ये सभी पेशेवर लुटेरे हैं। आकाश ओझा पर जहानाबाद व पटना में 17, राजू केवट पर 7,जेल गए राजेश राम उर्फ साधु पर 3 तथा सोनू कुमार पर 6 मुकदमे दर्ज हैं।
एसएसपी के मुताबिक जहानाबाद के राज लक्ष्मी ज्वेलर्स के मालिक रंजीत कुमार का बेटा नीतेश कुमार एसएस ज्वेलर्स डकैती कांड का मास्टरमाइंड व लाइनर निकला। एसएसपी ने बताया कि नीतेश के पिता रंजीत एसएस ज्वेलर्स से ही जेवरात ले जाते थे। उनके साथ नीतेश भी कई बार एसएस ज्वेलर्स से जेवर खरीदकर ले गया था। वह स्मैक पीता था। स्मैक पीने वाले जहानाबाद के राजू केवट उर्फ राज उर्फ रवि के साथ उसकी बैठकी होती थी।
एसएसपी के मुताबिक नीतेश से राजू केवट ने कहा था कि सुनार हो, कोई अच्छा काम दो। इसके बाद नीतेश कुमार ने लुटेरों को बताया कि पटना के बाकरगंज स्थित एसएस ज्वेलर्स होलसेल के सर्राफा कारोबारी हैं। उसके इशारे पर लुटेरों ने एसएस ज्वेलर्स में डकैती की साजिश रची। इसके लिए नीतेश के साथ लुटेरों ने दो बार रेकी की। पहली रेकी जनवरी के पहले सप्ताह तथा दूसरी रेकी डकैती के चार दिन पूर्व की गई थी। एसएसपी ने बताया कि डकैती कांड को बड़ी साजिश के तहत अंजाम दिया गया था। दो लुटेरे होलसेल की दुकान खोलने के लिए जेवरात खरीदने दुकान में घुसे थे, जबकि दो बाहर थे। उनमें डील हुई थी कि अंदर जाने के बाद जब मोबाइल पर बोलेंगे कि पानी पिलाओ यार..तभी बाहर खड़े साथी अंदर आ जाना। जैसे ही मोबाइल पर यह आवाज सुनाई दी, बाहर खड़े दोनों लुटेरे भी दुकान में घुस गए और बैग व झोले में भरकर जेवर और नकदी लेकर भाग निकले।
पुलिस ने बताया कि पकड़े गए साधु के कबूलनामे से ही फरार लुटेरों के बारे में पता चला। यही नहीं, घटना के बाद सीसीटीवी फुटेज में कैद तस्वीर व सर्विलांस से मिली लोकेशन के आधार पर लुटेरों तक पुलिस पहुंची। वारदात को अंजाम देने के बाद लुटेरे भागकर इतवार में स्थित किराए के कमरे में छिपे। बाद में वह जहानाबाद भाग गए। घर पर न छिपकर लुटेरे यहां पर भी एक किराए के कमरे में ठहरे हुए थे। छापेमारी की भनक लगने पर लुटेरे सफेद रंग की फार्च्युनर गाड़ी से झारखंड भागने की फिराक में थे, लेकिन तभी पकड़ लिए गए। जांच में पकड़ी गई फार्च्युनर कोतवाली क्षेत्र से चोरी की पाई गई। गाड़ी पर एक दल का झंडा तथा भारत सरकार का बोर्ड जिस पर अशोक स्तंभ का लोगो भी लगा पाया गया।



