posted on : जुलाई 8, 2022 5:04 अपराह्न
कोटद्वार । उत्तराखंड राज्य माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला मंत्री दीपक नेगी ने आक्रोश जताते हुए जारी बयान में कहा है कि शिक्षा विभाग में तीन वर्षों से लम्बित प्राथमिक विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों को माध्यमिक विद्यालयों में एलटी स्नातक वेतनक्रम में पदोन्नति के लिए 30 प्रतिशत विभीगीय पदोन्नति के माध्यम से पदोन्नति की जानी थीं जबकि मण्डलीय अपर निदेशक माध्यमिक शिक्षा कुमाऊं मण्डल, नैनीताल ने 234 प्राथमिक शिक्षकों को 4 जुलाई 2022 को पदोन्नति के आदेश निर्गत कर दिये है लेकिन मण्डलीय अपर निदेशक माध्यमिक शिक्षा गढवाल मण्डल, पौडी ने 15 दिनों के बाद काउन्सलिंग की तिथि दी है जबकि 19 मार्च 2021 को पदोन्नति के लिए शैक्षिक प्रमाण पत्रों की जांच कर ली गई थी।
मण्डलीय अपर निदेशक मा0शि0 गढवाल मण्डल, पौडी ने अनिवार्य स्थानान्तरण की सूची व रिक्ति जारी कर पदोन्नत प्राथमिक शिक्षकों के साथ छलावा किया है । दिनांक 13 जुलाई 2022 से विभागीय 30 प्रतिशत पदोन्नति मात्र एक दिखावा रह जायेगा क्योंकि 25-30 वर्षो से दुर्गम क्षेत्रों में सेवाएं दे रहे शिक्षकों के साथ अन्याय है क्योंकि रिक्त पद स्थानान्तरण से भर दिये जायेंगे। इससे उच्चाधिकारियों की प्राथमिक शिक्षकों के प्रति मानसिकता झलकती हैं। जिसका खामियाजा प्राथमिक शिक्षकों को भुगतना पड़ेगा। तीन वर्षो से उच्चाधिकारियों ने कुछ न कुछ अडंगा लगाकर उक्त पदोन्नतियो को बाधित किया है। साथ ही उक्त काउन्सलिंग में वाणिज्य, गृह विज्ञान व उर्दू विषय के प्राथमिक शिक्षकों को सम्मिलित नहीं किया है जबकि उक्त शिक्षकों के शैक्षिक प्रमाण पत्रों की भी जांच पूर्व में ही कर ली गयी थी। जिस कारण प्राथमिक शिक्षकों में भारी रोष व्याप्त है। माननीय शिक्षा मंत्री, विधान सभा अध्यक्ष व सचिव विद्यालयी शिक्षा के आदेशों के बाद भी उच्चाधिकारी मनमानी पर उतारू हैं।
उत्तराखण्ड राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ जनपद पौड़ी गढ़वाल मांग करता है कि गढवाल मण्डल में यदि एलटी 30 प्रतिशत विभागीय पदोन्नतियों की काउन्सलिंग स्थानान्तरण से पूर्व पदोन्नतियां की जाय व उक्त विषय के प्राथमिक शिक्षकों को भी काउंसलिंग में सम्मिलित किया जाय व साथ ही गढवाल मण्डल में कुमाऊं मण्डल से 15 दिन देरी से काउन्सलिंग क्यो रखवायी गयी इसकी जांच कर कार्यवाही की जाएं। यदि उक्त मांगों पर अतिशीघ्र कार्यवाही नहीं की गयी तो मण्डलीय अपर निदेशक मा०शि०, गढवाल मण्डल, पौड़ी के कार्यालय पर प्राथमिक शिक्षकों को तालाबंदी जैसे कदम उठाने को मजबूर होना पड़ेगा। जिसकी समस्त जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।


