गोपेश्वर (चमोली)। नीती घाटी में सोमवार शाम हुई भारी बारिश के बाद तमक नाला अचानक उफान पर आ गया था। नाले के तेज बहाव में ज्योतिर्मठ-मलारी मोटर मार्ग पर बना वैली ब्रिज बह गया। इससे नीती घाटी में वाहनों की आवाजाही बाधित हो गई है। घटना में एक व्यक्ति और एक वाहन लापता हो गया था। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन ने एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमों को घटनास्थल के लिए रवाना किया।
मंगलवार को वैली ब्रिज बहने के बाद बाधित हुई आवाजाही को जल्द बहाल करने के लिए जिला प्रशासन और संबंधित विभागों ने वैकल्पिक व्यवस्था पर काम शुरू कर दिया है। तमक नाले में ह्यूम पाइप डालकर अस्थायी मोटर मार्ग तैयार किया जा रहा है। मौके पर विभागीय टीमें और मशीनरी तैनात हैं तथा काम को युद्धस्तर पर आगे बढ़ाया जा रहा है। प्रशासन का प्रयास है कि अस्थायी मार्ग का निर्माण जल्द पूरा कर वाहनों की आवाजाही को यथाशीघ्र सुचारु किया जा सके। अधिकारियों की ओर से मौके पर मौजूद टीमों को लगातार दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं और मार्ग बहाली के लिए संबंधित विभागों तथा सुरक्षा एजेंसियों के बीच समन्वय बनाया गया है।
तमक नाले में बढ़े जल प्रवाह के कारण अलकनंदा नदी का जलस्तर बढ़ने की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। पुलिस और प्रशासन की ओर से मुनादी कर लोगों को नदी-नालों से दूर रहने तथा अनावश्यक आवाजाही से बचने की अपील की जा रही है।
प्रशासन ने स्थानीय लोगों और वाहन चालकों से मार्ग बहाली का कार्य पूरा होने तक प्रभावित क्षेत्र में अनावश्यक आवागमन न करने तथा मौके पर तैनात टीमों के निर्देशों का पालन करने को कहा है। मौसम और नाले के जलस्तर की स्थिति को देखते हुए अस्थायी मार्ग निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। प्रशासन की टीमें लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और मार्ग बहाली के साथ राहत एवं बचाव कार्य को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है।



