कोटद्वार । मेयर हेमलता नेगी ने शुक्रवार को नगर निगम के सभागार में पत्रकारों को संबोधित करते हुए बताया कि क्षेत्रीय विधायक को बोर्ड में पारित प्रस्ताव की प्रति नियमित भेजी जाती रही है क्योंकि वह बोर्ड के सम्मानित सदस्य हैं और शासन के अंग भी हैं तो उनकी पूर्ण रूप से जिम्मेदारी बनती है कि नगर निगम कोटद्वार द्वारा सर्वसम्मति से पारित प्रस्तावों पर शासन स्तर पर समाधान कर जनता के हितों की रक्षा करने की जिम्मेदारी भी उनकी ही बनती है जबकि वन एवं पर्यावरण मंत्री डॉ हरक सिंह रावत का कहना है कि नगर निगम द्वारा उनको कोई भी प्रस्ताव प्राप्त नहीं होता है जोकि सरासर गलत है कब भ्रम फैलाने वाला है जहां तक मुख्यमंत्री व शहरी विकास मंत्री को मिलने का सवाल है तो यह मेरी जिम्मेदारी बनती है कि मैं बोर्ड में पारित प्रस्ताव वह समस्याओं को उन तक पहुंचा कर कोटद्वार नगर निगम में व्याप्त समस्याओं को हल करवा सकूं क्योंकि यह दोनों बोर्ड के सदस्य नहीं है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय विधायक को बोर्ड में पारित प्रस्तावों का हल शासन से करवा कर जनता की कठिनाइयों को दूर करने का प्रयास करना चाहिए ना की जनता को गुमराह करने का । मेरे द्वारा अभी तक सभी बोर्ड बैठक में पारित प्रस्ताव माननीय मंत्री को बताए गए हैं इनके समाधान अभी तक भी अपेक्षित हैं जिनमें मुख्य रूप से नगर निगम क्षेत्र के अंतर्गत सिंचाई नहरों की मरम्मत तथा गूलो की सफाई कर कृषकों के खेतों तक सिंचाई का पानी पहुंचाना कूड़ा निस्तारण हेतु टेस्टिंग ग्राउंड हेतु भूमि उपलब्ध कराना आवारा पशुओं से हो रहे भारी नुकसान से बचाने के लिए राज्य सरकार से समाधान करने का शादी करण को जनहित में शीघ्र समाप्त करने सफाई कर्मचारियों के वेतन को 8000 से बढ़ाकर 15000 किए जाने सहित कई प्रस्ताव भेजे गए हैं जो कि अभी तक अधर में लटके हुए हैं।




Discussion about this post