पौड़ी : जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया द्वारा जिला कार्यालय स्थित एनआईसी कक्ष में सड़क निर्माण से जुड़े विभागों की लंबित भूमि संबंधी आपत्तियों एवं मुआवजा प्रकरणों की गहन समीक्षा की गई। उन्होंने जनपद में सड़क निर्माण कार्यों को गति देने हेतु भूमि संबंधी आपत्तियों एवं मुआवजा वितरण प्रकरणों को लक्षित कर अभियान चलाकर प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होने स्पष्ट किया कि इन सभी प्रकरणों का अभियान के तौर पर त्वरित निस्तारण किया जाए, ताकि विकास कार्यों में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो और कार्यों को सुचारु रूप से आगे बढ़ाया जा सके।
जिलाधिकारी ने निर्माणदायी संस्थाओं के अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन प्रकरणों में मुआवजे की मांग शासन स्तर को भेजी जानी है, उन्हें तत्काल प्रेषित किया जाए। साथ ही विभागों को प्राप्त धनराशि का प्राथमिकता के आधार पर पारदर्शी एवं समयबद्ध वितरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि मुआवजा वितरण से जुड़े मामलों में यदि कोई व्यवहारिक समस्या उत्पन्न हो रही है, तो उसका स्थायी समाधान निकालते हुए प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण किया जाए।
भूमि सम्बंधी आपत्तियों को लेकर जिलाधिकारी ने राजस्व, वन एवं लोक निर्माण विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर संयुक्त निरीक्षण, सीमांकन एवं अभिलेख सत्यापन की प्रक्रिया को तेज करने के निर्देश दिये, कहा कि विभिन्न स्तरों पर लम्बित प्रकरणों की निरंतर निगरानी, समय-सीमा निर्धारण तथा नियमित समीक्षा करते हुए लंबित मामलों को अभियान के तहत शत-प्रतिशत निस्तारित किया जाए। उन्होने प्रस्तावक स्तर पर लम्बित सभी प्रकरणों को आगामी 15 अप्रैल तक निस्तारित करने के निर्देश दिये हैं।
वन भूमि संबंधी आपत्तियों के तहत वन विभाग स्तर पर लंबित प्रकरणों एवं उपयुक्त तथा अनुपयुक्त भूमि के चयन को लेकर सभी प्रभागीय वनाधिकारियों को विभागीय स्तर पर नियमित समीक्षा करने को कहा ताकि स्वीकृति प्रक्रिया में तेजी लाई जा सके। बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी पौड़ी वन प्रभाग महातिम यादव, अधिशासी अभियंता लोनिवि प्रांतीय खंड विवेक सेमवाल, निर्माण खंड रीना नेगी सहित अन्य अधिकारी वीसी के माध्यम से उपस्थित रहे।






