मंगलवार, अप्रैल 28, 2026
  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video
liveskgnews
Advertisement
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
liveskgnews
28th अप्रैल 2026
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

बनना है श्रेष्ठ तो स्पीड और लक्ष्य का होना चाहिए पता

शेयर करें !
posted on : सितम्बर 29, 2020 6:01 अपराह्न

देहरादून : पुरूषार्थ बिल्कुल सीधा रखना है, इधर उधर भटकाने नही देना है और अपने पुरूषार्थ से सन्तुष्ट भी रहना है। हम चाहते तो है श्रेष्ठ करना परन्तु शक्तिहीन होने के कारण जो चाहते है उसे कर नही पाते है। संकल्प और कर्म को समान बनना है। अर्थात अब संकल्प और कर्म के बीच कोई अन्तर न हो, संकल्प किया और प्रैक्टिकल में आया।

हमारा चाहना तो श्रेष्ठ है परन्तु पुरूषार्थ कम है। पुरूषार्थ में जम्प लेने के लिए पुरूषार्थ की परसेन्टेज को बढाना होगा। क्योकि अभी जो परसेन्टेज है वह कम है। चेक करे कि हम हर समय एक रस स्थिति में पुरूषार्थ करते हुए अपने से सन्तुष्ट है। स्टेज तो बन जाती है परन्तु स्टेज के साथ परसेन्टेज भी चाहिए। हमें स्पीड और लक्ष्य का पता होना चाहिए। हम कहाॅ तक पहुचे है और हमे कहाँ तक जाना है, इसका स्पष्ट ज्ञान होना चाहिए।

जब तक परसेन्टेज नही बढता है तब तक हम अपने प्रभाव को दिखाने में फेल रहते है। आज जो प्रभाव दिखना चाहिए वह नही दिखता है। बल्ब की लाईट में अलग-अलग परसेन्टेज होता है। एक है लाईट, दूसरा है सर्चलाईट और तीसरा है लाईटहाउस। हमारा लक्ष्य लाईटहाउस बनना होना चाहिए।

लाईट स्वरूप तो बन गये है परन्तु लाईटहाउस बन कर अपने चारों ओर के अन्धकार को मिटा कर लाईट फैलाना है। सभी को इतनी रोशनी दे कि वह अपने आप को देख सके और दूसरो को भी देख सके। जैसे दर्पण के समाने आने पर साक्षत्कार हो जाता है उसी प्रकार जब दूसरो को साक्षात्कार हो जायेगा, तब उनके मुख से जय-जयकार के नारे अवश्य निकलेगें।

दर्पण पाॅवरफुल न हो तब रीयल रूप की जगह अन्य रूप में दिखायी देता है। होता तो है पतला परन्तु दिखता है मोटा। हमें ऐसा दर्पण बनना है जो चीज जिस रूप में हो वह उसी रूप में दिखे। अर्थात लोग अपने देह रूप को भूलकर आत्मा को देख लें।

अव्यक्त महावाक्य बाप दादा मुरली, 12 सितम्बर 1972

लेखक : मनोज श्रीवास्तव, सहायक निदेशक सूचना एवं लोकसम्पर्क विभाग उत्तराखंड

Discussion about this post

https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2026/04/CM-Dhami-4-Year-Journey-2026-2-Min-1-1.mp4
https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2025/09/WhatsApp-Video-2025-09-15-at-11.50.09-PM.mp4

हाल के पोस्ट

  • माँ पीताम्बरा बगलामुखी की छांव में शक्ति का उत्सव, माजरी माफी से बनखंडी तक गूंजा जयकारा, भंडारे में उमड़ा आस्था का सैलाब
  • एसपी निहारिका तोमर ने केदारनाथ यात्रा मार्ग का पैदल निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं को परखा, यात्रियों से सीधा संवाद कर लिया फीडबैक, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
  • पहाड़ी क्षेत्रों में मलेरिया लगभग समाप्त, तराई के सीमित क्षेत्रों पर है फोकस – सचिव स्वास्थ्य सचिन कुर्वे
  • पोषण निगरानी ऐप : कुपोषण के समाधान के लिए डेटा का उपयोग
  • चारधाम यात्रा ने पकड़ी रफ्तार, 2.38 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
  • पिता की डांट से घर छोड़ा किशोर, ज्योतिर्मठ पुलिस की सतर्कता से परिजनों से मिला
  • यूनेस्को धरोहर ‘रम्माण’ मेले में उमड़ा जनसैलाब, सलूड-डूंगरा गांव बना सांस्कृतिक केंद्र
  • सेलंग में पारंपरिक ‘रम्माण’ मेले की धूम, संस्कृति और आस्था का संगम
  • यूनेस्को धरोहर ‘रम्माण’ के रंग में रंगा सलूड-डुंग्रा गांव
  • तमक नाले में झील को लेकर स्थिति स्पष्ट, कोई खतरा नही – डीएम गौरव कुमार
liveskgnews

सेमन्या कण्वघाटी हिन्दी पाक्षिक समाचार पत्र – www.liveskgnews.com

Follow Us

  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video

© 2017 Maintained By liveskgnews.

No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

© 2017 Maintained By liveskgnews.