- ट्रेकिंग-साइक्लिंग से दिखी पौड़ी के पर्यटन की नई राह, साहसिक पर्यटन पार्क जल्द
- विश्व पर्यटन दिवस पर विधायक राजकुमार पोरी ने दलों को दिखाई हरी झंडी, डीएम स्वाति एस. भदौरिया ने जनभागीदारी और स्थानीय संसाधनों के बेहतर उपयोग पर दिया जोर
पौड़ी। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर पौड़ी में पर्यटन विभाग की ओर से ट्रेकिंग, साइक्लिंग और बर्ड वाचिंग जैसी साहसिक एवं प्रकृति आधारित गतिविधियों का आयोजन किया गया। विधायक राजकुमार पोरी ने ट्रेकिंग और साइक्लिंग दलों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। दिनभर चली गतिविधियों के बाद रांसी स्थित कायरा कैलाश होटल में आयोजित गोष्ठी में पर्यटन विकास की संभावनाओं पर मंथन हुआ। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने प्रतिभागियों से संवाद करते हुए जनभागीदारी, स्थानीय संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल और विभिन्न हितधारकों के समन्वय को पर्यटन विकास की अहम कड़ी बताया।
ट्रेकिंग-साइक्लिंग से युवाओं के लिए खुल रहे रोजगार के रास्ते
विधायक राजकुमार पोरी ने कहा कि पौड़ी गढ़वाल प्राकृतिक सौंदर्य, जैव विविधता और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से संपन्न है। यहां ट्रेकिंग, साइक्लिंग और बर्ड वाचिंग जैसी गतिविधियों के विस्तार की व्यापक संभावनाएं हैं। इन गतिविधियों से पर्यटकों को नए अनुभव मिलने के साथ स्थानीय पर्यटन स्थलों को पहचान मिल रही है और युवाओं के लिए स्वरोजगार एवं आजीविका के नए अवसर भी तैयार हो रहे हैं।
उन्होंने होम-स्टे, ग्रामीण पर्यटन और साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई। उनके अनुसार ऐसे आयोजन युवाओं को पर्यटन गतिविधियों से जोड़ने और पर्यटन के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
पर्यटन से जोड़ेंगे प्राकृतिक सौंदर्य, जैव विविधता और विरासत
जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने प्रतिभागियों को विश्व पर्यटन दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पौड़ी में ट्रेकिंग, साइक्लिंग, बर्ड वाचिंग, साहसिक और ग्रामीण पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। होम-स्टे और स्थानीय पर्यटन गतिविधियां युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा कर रही हैं।
उन्होंने कहा कि जनपद के प्राकृतिक सौंदर्य, जैव विविधता, वन्यजीव संपदा और सांस्कृतिक विरासत को पर्यटन से जोड़कर पौड़ी को विशिष्ट पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित किया जा सकता है।
साहसिक पर्यटन पार्क और जेल म्यूजियम से बढ़ेगा आकर्षण
डीएम ने बताया कि जनपद में शीघ्र ही साहसिक पर्यटन पार्क तैयार होने जा रहा है। वहीं जेल म्यूजियम का कार्य भी प्रगति पर है। राहू मंदिर, हंटर हाउस सहित अन्य ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक स्थलों को स्टोरी टेलिंग और अनुभव आधारित पर्यटन से जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।
उन्होंने पर्यटन विभाग, होटल व्यवसायियों, व्यापार मंडलों और ट्रैवल एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि कंडोलिया महोत्सव जैसे आयोजन भी पौड़ी की पर्यटन पहचान को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
स्वच्छ और पर्यटक-अनुकूल वातावरण जरूरी : हिमानी नेगी
नगर पालिका अध्यक्ष हिमानी नेगी ने कहा कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए स्वच्छ, सुंदर और पर्यटक-अनुकूल वातावरण तैयार करना जरूरी है। विश्व पर्यटन दिवस जैसे आयोजन स्थानीय पर्यटन स्थलों को पहचान दिलाने के साथ युवाओं को नए अवसरों से जोड़ने में भी सहायक हैं।
बुवाखाल से रांसी तक ट्रेकिंग, साइकिल से नापा पर्यटन मार्ग
जिला पर्यटन अधिकारी कमल किशोर जोशी ने बताया कि ट्रैकिंग दल बुवाखाल से झंडीधार और टेका मार्ग होते हुए रांसी स्थित कायरा कैलाश होटल पहुंचा। वहीं साइक्लिंग रैली पर्यटन विभाग परिसर से सर्किट हाउस, टेका मार्ग, झंडीधार ट्रैक और बुवाखाल होते हुए कायरा कैलाश होटल पहुंची। गतिविधियों के माध्यम से प्रतिभागियों ने पौड़ी के प्राकृतिक एवं साहसिक पर्यटन स्थलों को करीब से जाना।
पौड़ी में 400 से अधिक पक्षी प्रजातियों की मौजूदगी
बर्डिंग गाइड ट्रेनर राजीव बिष्ट ने पक्षी अवलोकन की बारीकियों, जैव विविधता संरक्षण और प्रकृति पर्यटन की संभावनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पौड़ी जनपद बर्ड वाचिंग के महत्वपूर्ण गंतव्य के रूप में उभर रहा है। अकेले कोटद्वार क्षेत्र में 400 से अधिक पक्षी प्रजातियां दर्ज की जा चुकी हैं।
वन्यजीव विशेषज्ञ जॉय हुकिल ने वन्यजीव संरक्षण और मानव-वन्यजीव सहअस्तित्व से जुड़े अनुभव साझा किए। उन्होंने वन्यजीवों के प्रति संवेदनशीलता और सही जानकारी को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई।
पर्यटन गतिविधियों के विस्तार पर विभागीय अमला जुटा
कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारी पर्यटन विमल कुमार, ट्रैकर कुलदीप गुसाईं, प्रशांत नेगी, रितेश नेगी, मनोज सिंह, जमन सिंह नेगी सहित अन्य प्रतिभागी और विभागीय कर्मचारी मौजूद रहे।




