- प्रशासन की कार्रवाई से विद्यालय को मिली राहत, अतिक्रमण मुक्त भूमि शिक्षा विभाग को सौंपी गई
रुड़की। ग्राम इब्राहिमपुर देह स्थित प्राथमिक विद्यालय की भूमि पर किए गए अवैध अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए भूमि को अतिक्रमण मुक्त करा लिया। खसरा संख्या 360, जो राजस्व अभिलेखों में प्राथमिक विद्यालय इब्राहिमपुर की भूमि के रूप में दर्ज है, पर किए गए अतिक्रमण को तहसील प्रशासन और नगर पंचायत रामपुर की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर हटवाया। कार्रवाई के बाद विद्यालय की भूमि को नियमानुसार शिक्षा विभाग के सुपुर्द कर दिया गया।
जॉइंट मजिस्ट्रेट के निर्देश पर हुई कार्रवाई
जॉइंट मजिस्ट्रेट रुड़की के निर्देशों के क्रम में तहसीलदार रुड़की के नेतृत्व में राजस्व विभाग एवं नगर पंचायत रामपुर की टीम ने मौके पर पहुंचकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। प्रशासनिक टीम की मौजूदगी में विद्यालय की भूमि को पूर्ण रूप से अतिक्रमण मुक्त कराया गया। कार्रवाई के दौरान राजस्व अभिलेखों और मौके की स्थिति के आधार पर विद्यालय के लिए दर्ज भूमि को चिन्हित किया गया। इसके बाद अवैध कब्जे को हटाकर भूमि को उसके मूल प्रयोजन के लिए सुरक्षित किया गया।
शिक्षा विभाग को सौंपी गई भूमि
अतिक्रमण हटाए जाने के बाद प्राथमिक विद्यालय की भूमि को नियमानुसार शिक्षा विभाग की सुपुर्दगी में दे दिया गया। अब उक्त भूमि का उपयोग विद्यालय की शैक्षणिक एवं विद्यालय से संबंधित गतिविधियों के लिए सुनिश्चित किया जा सकेगा। प्रशासन की इस कार्रवाई से विद्यालय की भूमि को लेकर लंबे समय से बनी स्थिति का समाधान होने के साथ ही सरकारी भूमि की सुरक्षा भी सुनिश्चित हुई है।
सरकारी भूमि पर कब्जे के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सरकारी एवं सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर किए गए अवैध अतिक्रमण को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसी भूमि को चिन्हित कर नियमानुसार अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। अधिकारियों ने कहा कि अतिक्रमण मुक्त कराई गई सरकारी भूमि को संबंधित विभागों के सुपुर्द किया जाएगा, ताकि उसका उपयोग निर्धारित सार्वजनिक एवं जनहितकारी उद्देश्यों के लिए किया जा सके।
विद्यालय की जमीन अब रहेगी सुरक्षित
प्राथमिक विद्यालय इब्राहिमपुर की भूमि को अतिक्रमण मुक्त कर शिक्षा विभाग को सौंपे जाने के बाद अब इसके शैक्षणिक उपयोग का रास्ता साफ हो गया है। प्रशासन की कार्रवाई को सरकारी भूमि के संरक्षण और सार्वजनिक संपत्ति पर अवैध कब्जों के खिलाफ सख्त रुख के तौर पर देखा जा रहा है।




