ज्योर्तिमठ। चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या को सीमित करने की व्यवस्था के विरोध में अब होटल व्यवसायियों और स्थानीय संगठनों ने मोर्चा खोल दिया है। चारधाम होटल एसोसिएशन उत्तराखंड ने सरकार और प्रशासन के प्रति कड़ा रोष जताते हुए आगामी 8 अप्रैल बुधवार को जोशीमठ तहसील परिसर में एक विशाल धरने और प्रदर्शन का आह्वान किया है। इस संबंध में एसोसिएशन ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) जोशीमठ को विधिवत सूचना पत्र सौंप दिया है।
एसोसिएशन के पदाधिकारियों का कहना है कि पिछले तीन वर्षों से वे लगातार शासन-प्रशासन की बैठकों में यात्रियों की संख्या पर लगी बाध्यता को समाप्त करने की मांग कर रहे हैं। पत्र के अनुसार, बीती 16 फरवरी को गढ़वाल आयुक्त के साथ हुई बैठक में भी चारधामों के अध्यक्षों द्वारा इस सीमा को हटाने का सुझाव दिया गया था, जिस पर जल्द निर्णय लेने का आश्वासन मिला था। हालांकि, अब तक शासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाने के कारण चारधाम के होटल व्यवसायी, व्यापार सभा, तीर्थ पुरोहित और डंडी-कंडी संचालकों में भारी आक्रोश है। इस अवसर पर चारधाम होटल एसोसिएशन अध्यक्ष राजेश मेहता, अजय भट्ट, राकेश रंजन भिलंगवाल, अमित सती, विशेश्वर नैथानी.आदि मौजूद रहे.





