posted on : अगस्त 29, 2025 8:22 अपराह्न
कोटद्वार (गौरव गोदियाल) । बरसात का मौसम शुरू होने के बाद मच्छरों का खतरा बढ़ जाता है। डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया जैसे मामले आना शुरू हो जाते हैं। सबसे अधिक डेंगू के मामले आते हैं। इस वर्ष भी कुछ दिनों में विभिन्न अस्पतालों में डेंगू के मामले दर्ज हो रहे हैं। वर्तमान समय में विगत तीन दिनों में राजकीय बेस चिकित्सालय कोटद्वार में डेंगू के दो मरीज भर्ती हैं । हालांकि इस बार अभी तक बीते वर्ष की तुलना में स्थिति नियंत्रण में है। डॉ जेसी ध्यानी ने बताया कि अभी वायरल फीवर चल रहा है । डेंगू में अभी तक स्थिति नियंत्रण में है। इस बार अभी तक अधिक मामले दर्ज नहीं हुए हैं। हालांकि सितंबर और अक्टूबर महीनों में मामले अधिक आते हैं। लेकिन विभाग ने डेंगू से निपटने के लिए तैयारियां की हुई है।
मादा एडीज मच्छर से होता है डेंगू
डेंगू संक्रमित मादा एडीज मच्छर के काटने से फैलने वाली बीमारी है। मच्छर बहुत ऊंचाई तक नहीं उड़ पाते। मादा एडीज मच्छरों के शरीर पर सफेद धारियां होती है। डेंगू फैलाने वाले मच्छर साफ पानी में पनपते हैं। ये मच्छर दिन में काटते हैं।
डेंगू के लक्षण
डेंगू का वायरस पूरे शरीर में बुखार, सिर दर्द, चकत्ते पैदा करता है। इसमें हाथ-पैरों में बहुत दर्द होता है। इसीलिये इसे ‘ब्रेकबोन फीवर’ भी कहा जाता है। डेंगू में मिचली, उल्टी और पेट में दर्द होता है। गंभीर मामलों में डेंगू शॉक सिंड्रोम या डेंगू हाई फीवर हो सकता है। दोनों ही स्थिति जानलेवा साबित हो सकती हैं। इसमें मरीज को इमरजेंसी इलाज और देखभाल की जरूरत होती है


