मंगलवार, जून 9, 2026
  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video
liveskgnews
Advertisement
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
liveskgnews
9th जून 2026
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

सीटी स्कैन मशीन की भ्रामक सूचना…. स्वास्थ्य विभाग में विभीषणों की भरमार, गोपनीय सूचनाएं लीक करने वालों पर गिरेगी गाज

शेयर करें !
posted on : अक्टूबर 5, 2025 6:15 अपराह्न

देहरादून : प्रदेश का स्वास्थ्य विभाग यूँ तो दिन दुगनी रात चौगुनी तरक्की कर रहा है एक के बाद एक आपदा में बेहतरीन कार्यों और जन सेवा में महकमा पूरी शिद्दत से लगा है, थराली आपदा से लेकर धराली आपदा तक विभाग के द्वारा सराहनीय कार्य किए है, जिससे हर तरफ़ विभाग की सराहना हुई लेकिन इसके बाद अब विभागीय विभाषणों के करामात के चलते स्वास्थ्य महकमा एक बार फिर चर्चा के केंद्र में है — इस बार वजह किसी बाहरी आलोचना या उपकरणों की खरीद से जुड़ा विवाद नहीं, बल्कि विभाग के भीतर बैठे “विभीषण” हैं, जो गोपनीय सूचनाएं बाहर लीक कर रहे हैं। विभाग के आला अधिकारियों को मिले इनपुट से यह स्पष्ट हो गया है कि अंदर ही अंदर कुछ कर्मचारी ऐसे हैं जो राजनीतिक दलों को गलत और भ्रामक सूचनाएं मुहैया करा रहे हैं। इन सूचनाओं के आधार पर हाल ही में एक राजनीतिक दल ने स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर आरोप लगाए, जिससे विभाग की छवि को नुकसान पहुंचा है।

दरअसल, बीते रोज एक प्रमुख राजनीतिक दल ने प्रेस वार्ता कर स्वास्थ्य विभाग पर मशीनों की खरीद में गड़बड़ियों के आरोप लगाए थे। दल ने दावा किया कि करोड़ों रुपये की लागत से खरीदी गई सीटी स्कैन मशीनें महीनों से बंद पड़ी हैं और जनता को उनका लाभ नहीं मिल रहा। साथ ही यह भी आरोप लगाया गया कि उपकरणों की खरीद प्रक्रिया में भारी अनियमितताएं हुई हैं।

लेकिन विभाग के उच्च अधिकारियों ने इन दावों को पूरी तरह भ्रामक बताया है। अधिकारियों का कहना है कि जिन सीटी स्कैन मशीनों को लेकर आरोप लगाए गए, वे हाल ही में चंपावत और ऋषिकेश में स्थापित की गई हैं और फिलहाल सुचारू रूप से काम कर रही हैं। इन मशीनों के माध्यम से प्रतिदिन दर्जनों मरीजों की जांच की जा रही है, जिससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में चिकित्सा सुविधाएं बेहतर हुई हैं।

आला अधिकारियों के अनुसार, राजनीतिक दलों तक जो “भ्रामक इनपुट” पहुंचे, वे विभाग के अंदर से ही पहुंचाए गए हैं। जांच में यह तथ्य सामने आया है कि कर्मचारी, जिन्हें हाल ही में विभागीय फेरबदल के तहत अन्य जिम्मेदारी दी गई थी वह कुर्सी पर जमे रहेंगे के लिए इस तरह की सूचनाएं बाहर भेज रहे हैं। जबकि उच्च स्तर से विभाग के स्टोर अनुभाग की जाँच भी गतिमान है जिससे लापरवाही करने वाले मुलाजिमों की हरकतों का खुलासा हो सके।

सूत्रों के अनुसार, अब तक चार कर्मचारियों के नामों की पुष्टि हो चुकी है, जिन्होंने विभागीय दस्तावेजों और आंतरिक चर्चाओं की जानकारी बाहर पहुंचाई। अधिकारियों ने नाम उजागर न करने की शर्त पर बताया कि “कर्मचारी को हाल ही में स्टोर और खरीद प्रक्रिया से संबंधित जिम्मेदारी से हटाया गया था। इसके बाद से ही वे बौखलाए हुए है और भ्रामक सूचनाएं लीक कर रहे थे।”

स्वास्थ्य विभाग ने अब इस पूरे मामले की आंतरिक जांच शुरू कर दी है। सूत्र बताते हैं कि सूचना लीक करने वाले कर्मचारियों की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) और डिजिटल ट्रैकिंग भी कराई जा रही है ताकि यह पता चल सके कि वे किन लोगों के संपर्क में थे और कब जानकारी बाहर पहुंचाई गई।

विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, “यह केवल गोपनीयता भंग का मामला नहीं है, बल्कि यह विभाग की साख पर चोट करने की साजिश है। हम इस मामले में किसी भी कर्मचारी को बख्शने के मूड में नहीं हैं। जिनके नाम आए हैं, उन पर बहुत जल्द सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।” अधिकारियों का यह भी कहना है कि कुछ कर्मचारी राजनीतिक दलों को बिना तथ्यों की पुष्टि किए विभाग की जानकारी लीक कर रहे हैं। उनका उद्देश्य केवल राजनीतिक लाभ उठाना और जनता के बीच भ्रम फैलाना है। “अगर किसी मशीन या उपकरण में तकनीकी समस्या आती है, तो उसे ठीक करना हमारी जिम्मेदारी है, लेकिन उसे भ्रष्टाचार से जोड़कर पेश करना गलत है,” बीते कुछ महीनों में स्वास्थ्य विभाग कई परियोजनाओं पर तेजी से काम कर रहा है — खासकर सीमांत जिलों में सीटी स्कैन, एमआरआई और लैब सुविधाएं बढ़ाने पर। लेकिन अंदरूनी सूचनाएं बाहर जाने से विभाग की साख को नुकसान पहुंचा है।

अधिकारियों का कहना है कि अब विभागीय गोपनीयता बनाए रखने के लिए नए सुरक्षा प्रोटोकॉल भी लागू किए जाएंगे, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों। देहरादून से लेकर चंपावत तक फैले इस विवाद ने साफ कर दिया है कि विभाग के भीतर बैठे कुछ कर्मचारी अपने निजी स्वार्थों के लिए सिस्टम को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। सरकार और स्वास्थ्य विभाग दोनों अब इस पर सख्त रुख अपनाने के मूड में हैं। फिलहाल जांच जारी है, लेकिन इतना तय है कि उत्तराखंड स्वास्थ्य विभाग के “विभीषणों” पर अब गाज गिरनी तय है।

https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2026/04/CM-Dhami-4-Year-Journey-2026-2-Min-1-1.mp4
https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2025/09/WhatsApp-Video-2025-09-15-at-11.50.09-PM.mp4

हाल के पोस्ट

  • अवैध कब्जों के खिलाफ़ फिर चला प्रशासन का बुलडोजर, लालपानी में सरकारी भूमि हुई अतिक्रमणमुक्त, एसडीएम संदीप कुमार ने कहा – सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा नहीं किया जाएगा बर्दाश्त 
  • विश्वविद्यालयों में साइबर सुरक्षा के हो पुख्ता इंतजाम – डाॅ. धन सिंह रावत
  • समाधान दिवस में डीएम ने सुनीं 194 जन शिकायतें, समयबद्ध निस्तारण के सख्त निर्देश
  • स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने दून मेडिकल कॉलेज में अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरणों एवं नई सर्जिकल सुविधा का किया लोकार्पण
  • उच्च व तकनीकी शिक्षा में सभी अटैचमेंट होंगे समाप्त – डॉ. धन सिंह रावत
  • केशव नेगी के समर्थन में सीएम धामी की पहल, न्याय की उम्मीद बढ़ी
  • जौनसार बावर में बोले सीएम धामी- ‘यहां होती है उत्तराखंड की मूल आत्मा के साक्षात दर्शन’, क्षेत्र को दी विकास योजनाओं की सौगात
  • ब्रिक्स मंच पर चमका उत्तराखंड का आपदा प्रबंधन मॉडल, सिल्क्यारा रेस्क्यू की गूंज अंतरराष्ट्रीय स्तर तक
  • विश्व ब्रेन ट्यूमर दिवस पर मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, देहरादून ने समय पर जांच और इलाज के महत्व पर दिया जोर
  • उत्तराखण्ड में विशेष गहन पुनरीक्षण SIR कार्यक्रम के तहत सीएम धामी को मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सौंपा गणना फॉर्म
liveskgnews

सेमन्या कण्वघाटी हिन्दी पाक्षिक समाचार पत्र – www.liveskgnews.com

Follow Us

  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video

© 2017 Maintained By liveskgnews.

No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

© 2017 Maintained By liveskgnews.