गोपेश्वर (चमोली)। चीन सीमा से जोड़ने वाला तमक नाले पर बना पुल शनिवार की रात्रि में हुई भारी बारिश के चलते नाले में बह गया है। इससे सीमावर्ती इलाकों का जिले से संपर्क कट गया है।
सीमावर्ती क्षेत्र को जोड़ने वाला एक मात्र तमक-लौंग पुल जो कि जोशीमठ से लगभग 45 से 50 किमी मलारी की ओर बना था शनिवार की रात भारी वर्षा के होने से तमक नाले में उफान आने के कारण बह गया है। बताया जा रहा है कि रात्रि में तमक नाले के बुग्याल क्षेत्र में बादल फटने के कारण तमक नाले का जल स्तर बढ़ गया था और तमक में बना पुल पूर्ण रूप से बह गया। यह एक मात्र पुल था जो चीन बॉर्डर और नीती घाटी के गावों को जोड़ता है इसके बहने से लगभग 14 गांव इसमें तमक, जुम्मा, कागा, गरपक, द्रोणागिरी, जेलम, कोषा, मलारी, कैलाशपुर, मेहरागांव,
फर्किया गांव, बांपा गांव, गामशाली और नीती मुख्य सड़क से कट चुके है। इसके अलावा सेना के जवान, आईटीबीपी के जवान, बीआरओ के लेबर और कई कंपनियों के लेबर इस पुल के बहने से प्रवाहित हुए है। क्षेत्र के पूर्व प्रधान पुष्कर सिंह राणा और लक्ष्मण सिंह बुटोला ने बताया कि पुल के बह जाने से लोगों की आवाजाही प्रभावित हो गई है।
कई जिलों के लिए भारी बारिश का अलर्ट
मौसम में विज्ञान केंद्र ने रविवार को देहरादून, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत व ऊधमसिंहनगर में बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। अलकनंदा, पिंडर, नंदाकिनी नदी के तटों पर रह रहे लोगों को चेतावनी जारी की गई है। पुलिस लगातार लाउडस्पीकर से लोगों को सतर्क कर रही है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने जिलों को अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए हैं।
इसी बीच चमोली जिला पुलिस ने एक्स पर एक पोस्ट कर बताया कि बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर पागलनाला, नंदप्रयाग, भनेरपानी, कमेडा और चटवा पीपल मार्ग अवरुद्ध है। इसी तरह ज्योतिर्मठदृमलारी मार्ग पर तमक नाला में पुल बह जाने से मार्ग यातायात के लिए पूर्णतः अवरुद्ध है। इसके अलावा थराली क्षेत्र में भी कोटदीप में मार्ग अवरुद्ध है।


