नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में शनिवार, 10 अक्टूबर को राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई। दिल्ली पुलिस ने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की प्रमुख ममता बनर्जी और आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को हिरासत में ले लिया। दोनों नेताओं को चुनाव आयोग के खिलाफ प्रस्तावित विरोध-प्रदर्शन के सिलसिले में हिरासत में लिए जाने की खबर सामने आई है।
टीएमसी सांसद साकेत गोखले ने सोशल मीडिया के माध्यम से ममता बनर्जी समेत पार्टी के पांच अन्य नेताओं को हिरासत में लिए जाने की जानकारी दी। गोखले के अनुसार, दिल्ली पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) ने ममता बनर्जी के आवास के बाहर से उन्हें और अन्य नेताओं को हिरासत में लेकर पुलिस वैन में बैठाया। उन्होंने यह भी बताया कि नेताओं को किसी अज्ञात स्थान पर ले जाया जा रहा था।
चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन की तैयारी
यह कार्रवाई मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रस्तावित प्रदर्शन के बीच हुई। प्रदर्शन में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए जाने थे। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग भी शामिल है।
अरविंद केजरीवाल भी हिरासत में
ममता बनर्जी के बाद आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को भी दिल्ली में हिरासत में लिए जाने की खबर सामने आई। समाचार रिपोर्टों के मुताबिक, केजरीवाल को लोधी एस्टेट स्थित उनके आवास के बाहर से हिरासत में लिया गया। आप नेता सौरभ भारद्वाज और संजय सिंह को भी पुलिस कार्रवाई के दौरान हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई है।
दिल्ली में सुरक्षा कड़ी
प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली के कई इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई। पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर बैरिकेडिंग की और प्रदर्शनकारियों की आवाजाही नियंत्रित करने के लिए कदम उठाए। प्रदर्शन से पहले अन्य राजनीतिक नेताओं और आंदोलन से जुड़े लोगों को भी हिरासत में लिए जाने की खबरें आई हैं।
फिलहाल, हिरासत में लिए गए सभी नेताओं की आगे की स्थिति और उन्हें कहां रखा गया है, इस संबंध में संबंधित अधिकारियों की ओर से विस्तृत आधिकारिक जानकारी की पुष्टि होना बाकी है।







