शुक्रवार, अक्टूबर 2, 2026
  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video
liveskgnews
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स
No Result
View All Result
liveskgnews
2nd अक्टूबर 2026
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

संतों को होती हैं सामान्य व्यक्तियों से अधिक चिंताएं – श्री महंत डॉ. प्रज्ञा भारती जी

शेयर करें !
posted on : मई 21, 2023 11:08 अपराह्न

 

रुड़की : श्री भवानी शंकर आश्रम रुड़की में 18 से 26 मई तक श्री राम कथा का आयोजन किया जा रहा है। कथा के चौथे दिन, श्री महंत डॉ प्रज्ञा भारती जी ने बताया कि अक्सर लोगों के बीच ये धारणा होती है कि चिंता केवल संसारी व्यक्तियों को होती है और संतों को नहीं। लोग यह सोचते हैं कि संत सदा निश्चिन्त रहते हैं। उन्होंने आगे कहा कि असल में संतों को संसारी व्यक्तियों से अधिक चिंता सताती है क्योंकि सामान्य व्यक्तियों की चिंता अधिकतर उनकी व्यक्तिगत समस्याओं को लेकर होती है, किन्तु संतों की चिंता तो समस्त संसार को लेकर होती है। संतों की चिंता सदा इस विषय से जुडी होती है कि संसार का कल्याण कैसे हो, कैसे संसार के पीड़ितों का उद्धार हो और उनकी पीड़ाओं का अंत हो, कैसे संसार के सभी मनुष्य, जीव-जंतु और वनस्पतियां सुखपूर्वक और बिना कष्ट के रह सकें। अतः संतों की चिंता के विषय सामान्य मनुष्यों की चिंताओं से बहुत अधिक होते हैं।

उन्होंने आगे श्री राम कथा में उस प्रसंग का उल्लेख किया जिसमे ऋषि विश्वामित्र राजा दशरथ से श्री राम को राक्षसों के वध हेतु मांगने आये थे। जब राजा दशरथ संकोच में पड़े और ऋषिवर से कहने लगे के राम अभी छोटे हैं, और यदि ऋषि आज्ञा दें तो वे राक्षसों के वध हेतु अपनी पूरी सेना भेज दें, तो ऋषि विश्वामित्र ने राजा दशरथ से कहा कि वे राक्षसों को केवल मरना नहीं, अपितु उन्हें तारना चाहते हैं। श्री राम के हाथों मृत्यु को प्राप्त होकर उन राक्षसों का कल्याण होगा, इस कारण वे राम के ही हाथों यह कार्य करवाना चाहते थे। इस प्रसंग से श्री महंत डॉ प्रज्ञा भारती जी ने श्री राम की महिमा का बखान किया। बता दें कि श्री रामकथा का भव्य आयोजन श्री महंत रीमा गिरी जी और श्री महंत त्रिवेणी गिरि जी के पर्यवेक्षण में हो रहा है।

https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2026/04/CM-Dhami-4-Year-Journey-2026-2-Min-1-1.mp4
https://liveskgnews.com/wp-content/uploads/2025/09/WhatsApp-Video-2025-09-15-at-11.50.09-PM.mp4

हाल के पोस्ट

  • धामी सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति का असर, ओवररेटिंग पर देहरादून प्रशासन की कड़ी कार्रवाई
  • नंदा जात यात्रा में ड्यूटी निभाने वाले पुलिसकर्मी सम्मानित
  • सोशल मीडिया कमेंट से भड़का विवाद, मोहम्मद दीपक पर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी का आरोप
  • स्कूलों के औचक निरीक्षण में सीईओ आकाश सारस्वत ने दिखाई सख्ती
  • उत्तराखंड BJP में बढ़ेगी संगठनात्मक हलचल, कल से राम माधव का दो दिवसीय दौरा
  • पौड़ी गढ़वाल : भालू ने महिला पर किया हमला, मौत
  • उत्तराखण्ड : अग्निवीरों के लिए खुशखबरी, पढ़ें पूरी जानकारी
  • फ्लाईदुबई विमान हादसे में भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार ने दिखाई अदम्य हिम्मत, दुनिया कर रही तारीफ़
  • पौड़ी में आज से शुरू हुआ मिलेट्स खरीद अभियान
  • देहरादून में MDMA के साथ केरल के दो छात्र गिरफ्तार
liveskgnews

सेमन्या कण्वघाटी हिन्दी पाक्षिक समाचार पत्र – www.liveskgnews.com

Follow Us

  • Advertise with us
  • Contact Us
  • Donate
  • Ourteam
  • About Us
  • E-Paper
  • Video

© 2017 Maintained By liveskgnews.

No Result
View All Result
  • होम
  • उत्तराखण्ड
  • उत्तरप्रदेश
  • राष्ट्रीय
  • धर्म
  • रोजगार न्यूज़
  • रोचक
  • विशेष
  • साक्षात्कार
  • सम्पादकीय
  • चुनाव
  • मनोरंजन
  • ऑटो-गैजेट्स

© 2017 Maintained By liveskgnews.